गुरुवार, 18 अक्तूबर 2012

वरिष्‍ठ अधिकारियों में हिंदी के कामकाज के प्रति रुचि बढ़ी!




टॉलिक (उपक्रम) की 36वीं अर्द्धवार्षिक बैठक एवं वार्षिक समारोह संपन्‍न
      दि. 17 अक्‍तूबर को नगर राजभाषा कार्यान्‍वयन समिति (उ) की 36वीं अर्द्ध वार्षिक बैठक एवं वार्षिक समारोह मिश्र धातु निगम लिमिटेड (मिधानि) के सौजन्‍य से होटल स्‍वागत ग्रैंड (नागोल) में संपन्‍न हुआ.
      कार्यक्रम की अध्‍यक्षता बीडीएल के सी एम डी एवं इस समिति के अध्‍यक्ष श्री एस एन मंथा ने की. अजय कुमार श्रीवास्‍तव, उप निदेशक (कार्यान्‍वयन), दक्षिण क्षेत्र, बेंगलूरु समारोह में राजभाषा विभाग के प्रतिनिधि के रूप में उपस्‍थित रहे. बैठक में नगरद्वय के उपक्रमों के प्रधान, हिंदी अधिकारी / प्रभारी सहित हिंदी शिक्षण योजना के प्रतिनिधि व टॉलिक अंतर उपक्रम प्रतियोगिताओं के पुरस्‍कार विजेताओं ने भाग लिया.
      बैठक के आरंभ में मिधानि के अपर महाप्रबंधक श्री आर एन रॉय ने सभी का स्‍वागत करते हुए कहा कि पिछले कुछ वर्षों से टॉलिक की गतिविधियों से कई स्‍थानीय कार्यालयों के वरिष्‍ठ अधिकारियों में हिंदी के कामकाज के प्रति रुचि बढ़ी है जिससे अन्‍य साथी भी प्रेरित हुए हैं. उन्‍होंने समिति के कामकाज के आधार पर कहा कि यह समिति निश्‍चित ही अपने उद्देश्‍य प्राप्‍त करने में सफल होगी. टॉलिक सचिव श्री होमनिधि शर्मा ने जून से अक्‍तूबर माह तक संपन्‍न गतिविधियों का विवरण प्रस्‍तुत किया और शहर के उपक्रमों से राजभाषा प्रयोग के संबंध में प्राप्‍त होने वाली तिमाही प्रगति रिपोर्टों के आधार पर मदवार कंप्‍यूटर प्रस्‍तुति दी. अध्‍यक्षीय संबोधन में श्री एस एन मंथा ने बैठक के आयोजन के लिए मिधानी के सीएमडी श्री एम नारायण राव का आभार व्‍यक्‍त करते हुए कहा कि टॉलिक, हिन्‍दी के कामकाज में आने वाली कठिनाइयों को आपस में मिलकर दूर करने और एक-दूसरे के अच्‍छे कामकाज को आपस में बॉंटने का मंच है. उन्‍होंने सभी से टॉलिक की गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेकर भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार हिन्‍दी संबंधी कामकाज को आगे बढ़ाने का आह्वान किया. उन्‍होंने यह भी कहा कि यदि वरिष्‍ठ अधिकारी नियमित तौर पर ध्‍यान दें तो हिंदी का कामकाज तेजी से आगे बढ़ सकता है. हम सभी बातचीत में हिन्‍दी इस्‍तेमाल करते हैं पर फाइलों पर भी हिंदी नियमित रूप से लिखी जाए तो हमारे अन्‍य साथियों को इससे बहुत प्रेरणा मिलेगी. संबोधन के अंत में उन्‍होंने राजभाषा शील्‍ड/ट्रॉफी/कप विजेता प्रतिष्‍ठानों तथा अंतर-उपक्रम प्रतियोगिताओं के विजेताओं को बधाई दी.
बैठक में राजभाषा कार्यान्‍वयन संबंधी विभिन्‍न मदों की समीक्षा करते हुए श्री अजय कुमार श्रीवास्‍तव, उप निदेशक (कार्यान्‍वयन), दक्षिण क्षेत्र, बेंगलूर ने कहा कि हैदराबाद टॉलिक प्रभावशाली ढंग से काम कर रही है और यहॉं के कार्यालयों में अन्‍य क्षेत्रों की तुलना में कार्यान्‍वयन कार्य गंभीरतापूर्वक किया जा रहा है. उन्‍होंने सभी कार्यालय प्रधानों से राजभाषा नीति के अंतर्गत अनिवार्य मदों का सख्‍ती से सुनिश्‍चयन बनाये रखने की अपील की.
इस अवसर पर सेवा मेडल सम्‍मानित मेजर जनरल संजीव लुंबा, प्रभारी सी एम डी, ईसीआईएल ने कहा कि टॉलिक के मंच से सभी संगठन आपस में जुड़ जाते हैं और इस मंच से एक दूसरे के कामकाज को जानने का अवसर मिलता है. उन्‍होंने कहा कि इस मंच से कई मुख्‍य धारा के काम भी आपसी सहयोग बन जाने से सुकर बन जाते हैं. इस तरह हिन्‍दी के मंच मुख्‍य धारा के लक्ष्‍य प्राप्‍त करने में भी मदद करते हैं. अत: सभी को हिन्‍दी से जुड़े रहना चाहिए. डॉ दिनेश कुमार लेखी, निदेशक (उत्‍पादन), मिधानी ने भी टॉलिक की गतिविधियों की प्रशंसा करते हुए हिन्‍दी में मुख्‍य धारा के विषयों पर संगोष्‍ठी-सेमिनार आयोजित किये जाने पर बल दिया. साथ ही, उन्‍होंने कहा कि टॉलिक की गृह-पत्रिका पथिक का ई-प्रकाशन भी होना चाहिए जिससे पत्रिका अधिक पाठकों तक पहुँच पायेगी. इसी तरह इंटरनेट पर टॉलिक की गतिविधयॉं दिये जाने का भी उन्‍होंने सुझाव दिया. बी एच ई एल के अधिशासी निदेशक श्री वांछू ने कहा कि अंग्रेजी से हिन्‍दी में काम करने ऑन लाइन अनुवाद की सुविधा होने से दैनिक कामकाज में हिन्‍दी का प्रयोग कर्मचारी शौ़क से करने लगेंगे. उन्‍होंने टॉलिक की कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए समिति अध्‍यक्ष को आयोजन की बधाई दी. एन एम डी सी के महाप्रबंधक श्री यादव ने दैनिक प्रयोग में आने वाली विभिन्‍न संगठनों की तकनीकी शब्‍दावली के आपस में आदान-प्रदान किये जाने की बात कही जिससे कामकाज में हिन्‍दी शब्‍दावली का प्रयोग अधिक सुलभ हो पायेगा.
बैठक के दौरान बीएचईएल-रामचंद्रपुरम, एच ए एल, ई सी आई एल, बीएसएनएल-आं.प्र. परिमंडल, एन एम डी सी लिमिटेड, एल आई सी, पॉवर ग्रिड कार्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड, एन टी पी सी, एअर इंडिया-सीटीई को उत्‍कृष्‍ट राजभाषा कार्यान्‍वयन के लिए क्रमश: बड़े, मध्‍यम और लघु उपक्रमों की श्रेणी में राजभाषा शील्‍ड, ट्रॉफी और कप से सम्‍मानित किया गया. इन पुरस्‍कारों के साथ-साथ टॉलिक द्वारा आयोजित हिन्‍दी एवं अन्‍य भाषी वर्ग में आयोजित अंतर उपक्रम प्रतियोगिताओं के विजेताओं को भी सम्‍मानित किया गया.
     कार्यक्रम के सफल आयोजन में टॉलिक सचिव श्री होमनिधि शर्मा सहित मिधानी की ओर से अपर महाप्रबंधक श्री आर एन रॉय, श्री रत्‍नेश भट्ट, श्रीमती विजय लक्ष्‍मी तथा बी डी एल हिंदी विभाग के स्‍टॉफ का उल्‍लेखनीय योगदान रहा


[प्रस्तुति : होमनिधि शर्मा]